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छींकते वक्‍त न करें ये मामूली से गलतियां, वरना किसी और को कर देंगे आप बीमार!
Boldsky | 17th Apr, 2019 06:02 PM

छींकना, एक सामान्‍य सी प्रक्रिया है, कुछ लोगों को सर्दी-जुकाम के दौरान छींक आती है तो किसी को किसी तरह की एलर्जी से छींक आती है। लेकिन बहुत से लोग कुछ अजीब तरीके से छींकते हैं। हम सभी को बचपन से सिखाया जाता है कि छींकने के तुरंत बाद आप सॉरी या एक्सक्यूज मी बोलें, लेकिन हम कभी-कभी छींकने के बाद कहना भूल जाते हैं। हम आपको बताएंगे की किस तरह से हमें छींकना चाहिए, ताकि न तो हम बैक्टीरिया के कारण बीमार पड़ें और न ही आपके सामने वाला व्यक्ति जिसके सामने आपने छींका है वो बीमार पड़े।

सम्‍पर्क में आ सकते हैं कीटाणु

छींक कहीं भी कभी भी आ जाती है, इसल‍िए ये जरुरी नहीं है कि छींकने के वक्‍त हर किसी के पास रुमाल या टिशू पेपर उपलब्‍ध हो। लेकिन अगर आप अपने हाथों में छींकते हैं तो आप दूसरों को बड़े आसानी से बीमार कर देते हैं। दरअसल, आप उसी हाथ से दरवाजा खोलते हैं, हाथ मिलाते हैं। इसके जरिए आपके हाथों के कीटाणु दूसरे व्यक्ति के संपर्क में आ जाते हैं। Most Read : सर्दी-जुकाम में बच्चों को टीके लगवाना सही या गलत?

छिंकने के बाद क्‍या करें

अगर आपको भी छींकते समय नाक या मुंह पर हाथ रखने की आदत है तो सम्‍भल जाइएं, इसके जरिए ये एक व्‍यक्ति से दूसरे व्यक्ति तक पहुंच सकता है, इसलिए जब भी आप छींकें तो अपने हाथों को तुरंत साफ करें। ताकि आपके साथ-साथ आपके आसपास के लोग भी स्वस्थ रह सकें।

अगर नहीं हो रुमाल तो ये करें

अगर छींकने के वक्त आपके पास रुमाल या टिशू पेपर नहीं है तो आप अपने टीशर्ट व शर्ट के स्लीव में छींक सकते हैं। न कि अपने हथेलियों पर छींके। सबसे महत्वपूर्ण बात याद रखिए कि छींकने के बाद अपने हाथ जरूर धोएं। Most Read : सर्दी-जुकाम से अगर हो गया है बुरा हाल तो ऐसे Use करें अजवाइन

छींकने का भी होता है शिष्‍टाचार

जिस तरह बात करने का खड़े रहने का और खाना खाते समय खासतौर पर शिष्‍टाचार को फॉलो किया जाता है। ठीक उसी तरह

छींकने का यह शिष्टाचार सीडीसी (रोग नियंत्रण और रोकथाम केंद्र) द्वारा एक दशक से अधिक समय से जारी किया गया है। इसल‍िए अगली बार छींके तो इस बात का ध्‍यान रखें की आपके श्‍वसन मार्ग से न‍िकलने वाले एक लाख से अधिक बैक्‍टीरिया किसी और तक नहीं पहुंचे।

   
 
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